फरवरी में ऑटो सेक्टर ने तोड़े सारे रिकॉर्ड, 26% की बंपर बढ़ोतरी के साथ 24 लाख वाहन बिके

जीएसटी 2.0 का असर, शादियों का सीजन और गांवों में बढ़ी मांग बनी वजह, पैसेंजर व्हीकल और ट्रैक्टर की बिक्री सबसे आगे

नई दिल्ली: देश के ऑटोमोबाइल सेक्टर ने फरवरी के महीने में जबरदस्त कमाल दिखाया है। फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन (FADA) की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, फरवरी 2026 में कुल वाहनों की रिटेल बिक्री 24 लाख के पार पहुंच गई। यह आंकड़ा 24.09 लाख यूनिट्स का रहा, जो पिछले साल फरवरी के मुकाबले 26 फीसदी ज्यादा है । यह फरवरी महीने की अब तक की सबसे बड़ी बिक्री है।

हर सेगमेंट में तूफानी बिक्री

FADA के मुताबिक, फरवरी में छह में से पांच कैटेगरी – टू-व्हीलर, थ्री-व्हीलर, पैसेंजर व्हीकल, कमर्शियल व्हीकल और ट्रैक्टर – ने अपने फरवरी के सारे पुराने रिकॉर्ड तोड़ दिए । सबसे तेज रफ्तार ट्रैक्टर की रही, जिसकी बिक्री में 36 फीसदी का उछाल आया । वहीं पैसेंजर व्हीकल यानी कारों की बिक्री 26 फीसदी बढ़कर 3.94 लाख यूनिट्स पर पहुंच गई ।

टू-व्हीलर सेगमेंट में भी जोरदार तेजी रही। 17 लाख से ज्यादा दोपहिया वाहन बिके, जो पिछले साल से 25 फीसदी ज्यादा है । कमर्शियल व्हीकल (ट्रक आदि) की बिक्री 29 फीसदी और थ्री-व्हीलर (ऑटो) की बिक्री 24 फीसदी बढ़ी ।

गांवों में चमकी बल्ब की रोशनी

इस बार की रिपोर्ट की सबसे अच्छी बात यह रही कि गांवों में शहरों से ज्यादा तेजी रही। पैसेंजर व्हीकल की बिक्री गांवों में 34 फीसदी बढ़ी, जबकि शहरों में यह 21 फीसदी रही । FADA के अध्यक्ष सी.एस. विघ्नेश्वर ने कहा कि गांवों में यह तेजी बताती है कि अब छोटी कारों की डिमांड भी लौट रही है, हालांकि SUV का जलवा अभी भी बरकरार है ।

तीन बड़ी वजहें बनीं सफलता की कुंजी

एक्सपर्ट्स और FADA इस रिकॉर्ड बिक्री की तीन बड़ी वजहें बता रहे हैं। पहली और सबसे अहम वजह है जीएसटी 2.0। पिछले साल सितंबर में लागू हुए इस नए टैक्स सिस्टम के तहत स्मॉल कार और दोपहिया वाहनों पर टैक्स 28 से घटाकर 18 फीसदी कर दिया गया । इससे गाड़ियां सस्ती हो गईं और लोगों ने खरीदारी बढ़ा दी ।

दूसरी वजह है फरवरी में पड़ी खूब शादियां। शादी के सीजन में लोगों ने जमकर गाड़ियां खरीदीं, खासकर बाइक और एंट्री-लेवल कारें । तीसरी वजह है गांवों की बेहतर होती इकोनॉमी। अच्छी फसल के चलते किसानों के पास पैसा आया और उन्होंने ट्रैक्टर समेत दूसरे वाहन खरीदे ।

डीलरों की मुस्कान लौटी

इतनी बंपर बिक्री से डीलरों की भी मुस्कान लौट आई है। FADA का कहना है कि पैसेंजर व्हीकल का इन्वेंट्री लेवल घटकर 27-29 दिन पर आ गया है, जो बहुत अच्छा संकेत है । कम स्टॉक का मतलब है कि डीलरों पर ज्यादा पैसा फंसाने का बोझ नहीं है और नई गाड़ियों की डिमांड बनी हुई है ।

आगे भी चमकेगी रफ्तार?

FADA का कहना है कि मार्च का महीना भी ऑटो सेक्टर के लिए अच्छा रह सकता है। नवरात्रि, रमजान, उगादी, गुड़ी पड़वा और ईद जैसे त्योहार मार्च में ही पड़ रहे हैं । साथ ही फाइनेंशियल ईयर खत्म होने पर लोग टैक्स बचाने के लिए भी गाड़ियां खरीदते हैं ।

FADA के सर्वे के मुताबिक 75 फीसदी डीलरों को उम्मीद है कि मार्च में भी बिक्री अच्छी रहेगी । हालांकि, एक्सपर्ट्स का यह भी कहना है कि अप्रैल के बाद ग्रोथ थोड़ी धीमी पड़ सकती है, क्योंकि लोगों ने पहले ही खूब खरीदारी कर ली है ।